Posts

तीर्थंकर प्रतिमा नेतनागर

Image
रायगढ़ से लगभग 15 किलोमीटर की दुरी पर झारसुगुड़ा मार्ग पर ग्राम नेतनागर में स्थित है प्राचीन तीर्थंकर प्रतिमा, 12 शताब्दि के आसपास का माने जाने वाली जैन तीर्थंकर की प्रतिमा भू...

काली मंदिर सारंगढ़

Image
सारंगढ़ में ही स्थित है काली माता का मंदिर, इस मंदिर में स्थापित भैरवनाथ तथा गणों की प्राचीन मूर्तियों को कलचुरी काल लगभग 11वीं से 12वीं शताब्दि का बताया जाता है। स्थानीय निवासियों की आस्था के केंद्र इस मंदिर में बहुत ही सुन्दर दृश्य तब दिखाई पड़ता है जब बरसात के समय मंदिर से लग कर बहने वाला घोघरा नाला उफान पर होता है और मंदिर तक जाने वाले मार्ग के ऊपर से हो कर बहता है इस दृश्य को देखने बड़ी संख्या में लोग मंदिर पहुँचते हैं। नीरज तेलंग

ताला शिव मंदिर सारंगढ़

Image
सारंगढ़ से लगभग एक किलोमीटर की दूरी पर रायपुर मार्ग में तालाब के किनारे स्थित है ताला का शिव मंदिर। आसपास के ग्रामवासियों की आस्था के केंद्र इस शिव मंदिर में कलचुरी कालीन लगभग 11वीं से 12वीं शताब्दि की मूर्तियाँ भी स्थापित है। नीरज तेलंग

शिव मंदिर घटियारी

Image
राजनांदगांव से लगभग 80 किलोमीटर की दुरी पर गंडई के बिरखा ग्राम के पास घटियारी तालाब के किनारे पर स्थित है प्राचीन शिव मंदिर। लगभग 10वीं से 11वीं शताब्दि के ध्वस्त हो चुके इस प्राचीन मंदिर का गर्भगृह सुरक्षित है जिस में शिवलिंग स्थापित है तथा पत्थर से बने मंदिर के चौखट का कुछ भाग और मंदिर के स्तम्भ भी बचे हुए हैं जिन पर विभिन्न प्रकार की आकृतियां उकेरी गई है। मुख्य मंदिर के आसपास अन्य कई मंदिरों के होने की बात कही जाती है जिनमें से दो मंदिरों का आधार भाग बचा हुआ है तथा उन में भी शिवलिंग स्थापित है इसके साथ ही एक अन्य शिवलिंग तथा गणेश नंदी की प्रतिमाओं का साथ ही अन्य प्रतिमाएं भी स्थापित है। नीरज तेलंग

शिव मंदिर गंडई

Image
राजनांदगांव से लगभग 75 किलोमीटर की दुरी पर कवर्धा मुख्यमार्ग पर गंडई नामक स्थान पर स्थित है 11वीं शताब्दि के आसपास का प्राचीन शिव मंदिर। बहुत ही सुन्दर इस मंदिर के गर्भगृह में शिवलिंग स्थापित है तथा संपूर्ण मंदिर ही नक्काशी किये हुए पत्थरों से निर्मित है जिस पर विभिन्न आकृतियां उकेरी गई है। नीरज तेलंग

शिव मंदिर सहसपुर

Image
बेमेतरा से लगभग 35 किलोमीटर की दुरी पर दुर्ग मुख्यमार्ग से लगकर कुछ ही दूरी पर सहसपुर नामक ग्राम में स्थित है प्राचीन शिव मंदिर। सोलह स्तंभो वाले इस मंदिर के गर्भगृह में शिवलिंग स्थापित है। इस मंदिर का निर्माण 13वीं से 14वीं शताब्दि का होना बताया जाता है। इसके पास ही में ही एक और प्राचीन मंदिर स्थापित है जिसे बजरंग बली मंदिर के नाम से जाना जाता है। नीरज तेलंग

बजरंग बली मंदिर सहसपुर

Image
बेमेतरा से लगभग 35 किलोमीटर की दुरी पर दुर्ग मुख्य मार्ग से कुछ दूरी पर सहसपुर नामक ग्राम में स्थित है लगभग 13वीं से 14वीं शताब्दि का प्राचीन मंदिर। स्थानीय ग्रामवासियों के द्वारा गर्भगृह में बजरंगबली की प्रतिमा स्थापित कर दिए जाने के कारण इस मंदिर का नाम बजरंग बली मंदिर पड़ गया है। इस मंदिर के निकट ही प्राचीन शिव मंदिर भी स्थापित है। नीरज तेलंग